Women’s Day: महिला टीबैग जैसी होती है, उसे गर्म पानी में डालते ही पता चलता है वह कितनी स्ट्रांग है…

0

हर साल 8 मार्च महिला दिवस यानि वुमेन डे के रुप में मनाया जाता है। यह दिन महिलाओं के सम्मान में मनाया जाता है। कहा जाता है जिस तरह आज महिलाओं को आज़ादी दी गई है ऐसा पहले नही था। बदलती दुनिया में महिलाओं का बहुत बड़ा योगदान रहा है, इसीलिए उनके सम्मान में इस दिन को मनाया जाता है। अमेरिका के राष्ट्रपति फ्रांकलिन डि. रुजवेल्ट की पत्नी ने वुमेन्स डे के मौके पर एक खास लाइन भी कही थी। उन्होंने कहा था महिला टीबैग जैसी होती है….

अंतरराष्ट्रीय महिला दिवस

इस दिन को लिए अमेरिका के राष्ट्रपति फ्रांकलिन डि. रुजवेल्ट की पत्नी ने महिला दिवस पर उनके लिए एक बात भी कही थी कि महिला टीबैग की तरह होती है, जब तक आप उसे गर्म पानी में न डालें पता ही नहीं चलता वह कितनी स्ट्रॉन्ग है…

8 मार्च को यह दिन पूरे विश्व में मनाया जाता है। इस दिन की शुरुआत साल 28 फरवरी 1909 में न्यूयार्क में हुई थी। इस दिन को सबसे पहले न्यूयार्क में मनाया गया था। साल 1975 में संयुक्त राष्ट्र संघ ने भी इसे अपना लिया जिसके बाद से यह अंतराष्ट्रीय महिला दिवस के रुप में मनाया जाने लगा। कहा जाता है इस दिन को महिलाओ द्वारा प्राप्त की गयी उपलब्धियां और जेंडर इक्वालिटी पर जोर देने के लिए मनाया जाता है।

वुमेन्स डे का इतिहास-
1908 में 15000 महिलाओ ने न्यूयॉर्क सिटी में वोटिंग अधिकारों की मांग के लिए, काम के घंटे कम करने के लिए और बेहतर वेतन मिलने के लिए मार्च निकाला था। एक साल बाद अमेरिका की सोशलिस्ट पार्टी की घोषणा के अनुसार 1909 में यूनाइटेड स्टेट्स में पहला राष्ट्रीय महिला दिवस 28 फरवरी को मनाया गया।

1910 में जर्मनी की सोशल डेमोक्रेटिक पार्टी की महिला ऑफिस की लीडर  ने अंतर्राष्ट्रीय महिला दिवस मनाने का विचार रखा, उन्होंने सुझाव दिया की महिलाओ को अपनी मांगो को आगे बढ़ने के लिए हर देश में अंतराष्ट्रीय महिला दिवस मनाना चाहिए।

आज के दिन जगह – जगह काम कर रही महिलाओं को सम्मान दिया जाता है। उन्हे तोहफे दिए जाते हैं, और उनके लिए इस दिन को खास बनाया जाता है। जिससे उन्हें यह महसूस हो सकें कि उनका इस दुनिया को बदलने के लिए कितना बड़ा योगदान है।

loading...
शेयर करें