जल संरक्षण को लेकर झाबुआ में होगा सामुहिक श्रम दान, शिवगंगा अभियान ने की तैयारियां

झाबुआ – आदिवासी समाज में सामुहिक श्रम दान की अनुठी परंपरा हलमा का आयोजन होना है। पर्यावरण सहेजने और जल संरक्षण को लेकर होने वाले इस आयोजन को लेकर शिवगंगा अभियान ने अपनी तैयारियां पूरी कर ली है।

झाबुआ स्थित महाविद्यालय प्रांगण में इस पुनीत कार्य में शामिल होने जिले भर से 20 हजार से अधिक ग्रामीणों के पहुंचने की उम्मीद जताई जा रही है। हलमा को लेकर शिवगंगा अभियान ने जिले के 70 हजार घरों में निमंत्रण दिया है। दो दिवसीय आयोजन के दौरान कल जिलेभर से आदिवासी ग्रामीण झाबुआ पहुंचेगें। इन ग्रामीणों के रूकने और भोजन की व्यवस्था स्थानीय महाविद्यालय प्रांगण में की गई है। कल देर शाम शहर में गैती यात्रा निकालकर शहरवासियों से भी पर्यावरण सहेजने के इस काम में अपनी भागीदारी के लिये आव्हान किया जाएगा।

शिवगंगा अभियान विगत 10 वर्षों से हलमा का आयोजन कर रहा है। हलमा के माध्यम से शहर से सटी हाथी पावा की पहाड़ियों पर वन विभाग के साथ करीब 40 हजार कंटुर ट्रेंच खोदे जाने का लक्ष्य रखा गया है। इसके अतिरिक्त 20 हजार पूराने कंटुर ट्रेंच से मिट्टी निकालने का काम भी किया जाएगा। शिवगंगा अभियान के प्रमुख पद्मश्री महेश शर्मा का मानना है कि इस तरह की जल संरचनाओं से एक वर्षाकाल में करीब 80 करोड़ लीटर पानी का संग्रहण होता है। शिवगंगा द्वारा यह जन जागरण का काम आने वाले दिनों में जिले के अन्य इलाकों में भी चलाया जाएगा।

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