भारतीय सीमा में घुसपैठ की कोशिश नाकाम, बीएसएफ ने एक को मारी गोली

0

भारतीय सीमा में घुसपैठनई दिल्ली। भारतीय सीमा में घुसपैठ की कोशिश को नाकाम करते हुए बीएसएफ ने एक आतंकवादी को मार गिराया। वहीं दो अन्‍य आतंकवादी वापस पा‍किस्‍तान की ओर ही भागने में कामयाब रहे। खबरों के मुताबिक गुरूवार की सुबह तीन संदिग्‍ध आतंकी बामियाल सेक्‍टर पर ताश पोस्‍ट से भारतीय सीमा में घुसपैठ करने की कोशिश कर रहे थे।

भारतीय सीमा में घुसपैठ नाकाम

भारतीय सीमा में घुसपैठ की कोशिश में लगे आतंकियों पर जब बीएसएफ की नजर पड़ी तो जवानों ने उनपर गोलियां चलाईं। इसमें एक आतंकी को मार गिराया गया वहीं दो अन्‍य वापस पाकिस्‍तान की ओर भागने में सफल हो गए।

आपको बता दें कि बामियाल बॉर्डर वही जगह है जहां से पठानकोट एयरफोर्स स्‍टेशन पर हमला करने वाले आतंकियों ने घुसपैठ की थी।

क्‍या हुआ था पठानकोट में?

साल की शुरूआत में ही पंजाब के पठानकोट एयरफोर्स स्‍टेशन पर हुए आतंकी हमला हुआ। इसमें बामियाल बॉर्डर से घुसपैठ कर 6 आतं‍की पा‍किस्‍तान से भारत की सीमा में दाखिल हुए। उन्‍होंने पठानकोट एयरफोर्स स्‍टेशन को अपना निशाना बनाया। लगभग 80 घंटों तक चले इस ऑपरेशन में सेना ने सभी 6 आतंकियों को मार गिराया। साथ ही इस हमले में सेना के 7 जवान भी शहीद हो गए।

छह महीने में हुआ दूसरा बड़ा हमला

यह छह महीने में पंजाब में दूसरा बड़ा आतंकी हमला है। इससे पहले 27 जुलाई 2015 को गुरदासपुर में आतंकी हमला हुआ था। तब भी आतंकी पाकिस्तान के रास्ते ही आए थे। ये दीनानगर थाने में घुस गए थे और थाने के बगल वाली इमारत में छुपकर फायरिंग करते रहे थे। यह मुठभेड़ 12 घंटे चली थी। इसमें गुरदासपुर एसपी शहीद हो गए थे।

क्‍यों इतना अहम है पठानकोट?

पठानकोट एयरफोर्स स्टेशन भारतीय सीमा के पास है। यहां पर देश के बड़े हथियार रखे जाते हैं। युद्ध की स्थिति में पूरी रणनीति को यहीं से ही अंजाम दिया जाता है। 1965 और 1971 की लड़ाई में भी इस एयरफोर्स स्टेशन ने बड़ी भूमिका निभाई थी। मिग-21 लड़ाकू विमानों के लिए यह बेस स्टेशन है।

loading...
शेयर करें