परिवहन हड़ताल से कश्मीर में जनजीवन प्रभावित

0

श्रीनगर। यात्री वाहनों पर टैक्स में बढ़ोतरी के खिलाफ सार्वजनिक परिवहन संचालकों द्वारा सेवाएं निलंबित किए जाने से सोमवार को कश्मीर घाटी में जनजीवन बुरी तरह से प्रभावित हो गया है। टैक्सी, मिनी बस और तिपहिया वाहन नहीं चलने से पूरी घाटी में शहरी और ग्रामीण क्षेत्रों के यात्रियों को परेशानी हुई।

यात्री वाहनों पर टैक्स

यात्री वाहनों पर टैक्स में बढ़ोतरी

श्रीनगर और अन्य जगहों पर कार्यालय जाने वालों, छात्रों और अन्य लोगों की सड़क पर भीड़ थी, क्योंकि उन्हें ले जाने के लिए कोई सार्वजनिक वाहन उपलब्ध नहीं थे। सरकारी कार्यालयों, बैंकों, डाक घरों और व्यापारिक प्रतिष्ठानों में कर्मियों की उपस्थिति बहुत कम दिखी। परिवहन संचालकों के प्रतिनिधि यहां और अन्य जगहों पर सड़क पर चल रहे कुछ वाहनों को रोक कर हड़ताल को सफल बनाते देखे गए।

हड़तालियों द्वारा रोके जाने के बाद टैक्सी चालकों ने सवारियों और पर्यटकों को अपने वाहन से उतार दिए। यात्री वाहनों पर कर बढ़ाने के जम्मू एवं कश्मीर सरकार के निर्णय के खिलाफ हड़ताल का आह्वान किया गया। परिवहन संचालकों के प्रतिनिधियों ने जम्मू में रविवार को कहा था कि सोमवार से शुरू होने वाली हड़ताल को 72 घंटों के लिए टाल दिया दिया है, क्योंकि मुद्दे के हल के लिए वे मुख्यमंत्री महबूबा मुफ्ती से मिलने वाले हैं।

इस मुलाकात के तय कार्यक्रम के कारण जम्मू के परिवहन संचालकों ने सोमवार को अपनी परिवहन सेवाएं जारी रखीं।

loading...
शेयर करें