फ़ौरन कदम नहीं उठाया तो बेरोज़गार हो जायेंगे 30000 एंप्लॉयीज

बर्लिन : दुनिया की बड़ी ऑटोमोबाइल कंपनियों में शामिल फोक्सवैगन के सीईओ, हरबर्ट डिस ने चेतावनी दी है कि अगर कंपनी इलेक्ट्रि्क व्हीकल्स का प्रोडक्शन नहीं बढ़ाती तो लगभग 30000 एंप्लॉयीज की छंटनी करनी पड़ सकती है।

30000 की छटनी की वजह होगी टेस्ला

इस कड़ी में हरबर्ट ने हाल में हुई सुपरवाइजरी बोर्ड की मीटिंग में बताया कि जर्मनी के मार्केट में टेस्ला जैसी नई कंपनियों के आने से कॉम्पिटिशन बढ़ गया है। आपको बता दें अमेरिकी इलेक्ट्रिक कार मेकर टेस्ला की योजना जर्मनी में 12,000 एंप्लॉयीज के साथ प्रति वर्ष लगभग पांच लाख कारों का प्रोडक्शन करने की है। इसकी तुलना में फोक्सवैगन अपने वोल्फ्सबर्ग प्लांट में लगभग 25,000 एंप्लॉयीज के साथ सात लाख कारों का प्रोडक्शन करती है।

इस कड़ी में फोक्सवैगन के प्रवक्ता ने कहा कि टेस्ला और अन्य ऑटोमोबाइल कंपनियों की जर्मनी में मौजूदगी से इलेक्ट्रिक व्हीकल्स के प्रोडक्शन को बढ़ाने की जरूरत है। उन्होंने बताया कि अभी यह तय नहीं किया गया है कि इस प्रोसेस में कितनी नौकरियां कम हो सकती हैं। उन्होंने कहा कि इसमें कोई शक नहीं है कि कंपनी को वोल्फ्सबर्ग के प्लांट में एफिशिएंसी बढ़ानी होगी।

जर्मनी के ग्रनहाइड में टेस्ला के प्लांट का कंस्ट्रक्शन हो रहा है। इसकी कैपेसिटी एक सप्ताह में लगभग 10,000 कारों की होगी। फोक्सवैगन की वर्कर्स काउंसिल के प्रवक्ता ने कहा कि वह हरबर्ट की टिप्पणी पर कुछ नहीं कहेंगे। उन्होंने बताया कि 30,000 नौकरियों की कटौती का कोई कारण नहीं है।

यह तो पढ़ें : ब्रिटेन के झुकते ही Indian government ने भी अपनी ट्रैवल गाइंडलाइंस को लिया वापस

Related Articles