ग्रामीण इलाकों में भी पेयजल पाइप लाइन की योजना को मिल सकती है मंजूरी

लखनऊ:योगी आदित्यनाथ की मंगलवार को होने वाली केबिनेट बैठक में सोनभद्र में ओबरा को नई तहसील बनाए जाने समेत कई अन्य प्रस्ताव रखे जाएंगे। इसके साथ ही ग्रामीण क्षेत्रों में पाइप पेयजल आपूर्ति को भी कैबिनेट की हरी झंडी मिल सकती है।

शासन के सूत्रों के मुताबिक, बैठक में उत्तर प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में पाइप पेयजल आपूर्ति योजनाओं के संचालन एवं अनुरक्षण नीति-2020 पर मुहर लगाई जाएगी। इसमें लाइन बिछाने वाली फर्म को ही निश्चित अवधि तक संचालन की जिम्मेदारी दी जाएगी।

इसके एवज में फर्म यूजर चार्ज वसूल सकेगी। इस बारे में मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ कई बार सावर्जनिक मंचों से घोषणा कर चुके हैं। नमामि गंगे परियोजना के तहत इस नीति को लाया जा रहा है।

कैबिनेट की मंगलवार को होने वाली बैठक में प्रदेश की स्थानीय निकायों एवं शासन से अनुदानित संस्थाओं की वर्ष 2017-18 की स्थानीय निधि लेखा परीक्षा विभाग की ओर से हुए ऑडिट को रखने सदन के पटल पर रखने के बाबत भी प्रस्ताव आएगा।

फिरोजाबाद के सेवानिवृत्त उप जिलाधिकारी शिव दयाल के खिलाफ अनुशासनात्कम कार्यवाही के मामले में लोक सेवा आयोग की सलाह से परे जाकर कार्यवाही के अनुमोदन का प्रस्ताव भी रखा जाएगा।

इसके साथ ही हरदोई भी विकसित करने की मुहिम पर विचार किया जायेगा| इसके चलते हरदोई में चीनी मिल की करीब 22.6082 हेक्टेयर जमीन को उत्तर प्रदेश आवास एवं विकास परिषद को ट्रांसफर किए जाने संबंधी प्रस्ताव निरस्त करने पर भी विचार होगा।

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