Irrfan Khan Death Anniversary : फिल्मी दुनिया के जादूगर इरफान खान थे शुद्ध शाकाहारी, घर वालों ने लगाया था ये टैग

बॉलीवुड के दिवंगत अभिनेता इरफान खान (Irrfan Khan) को अपने बेबाक अंदाज और शानदार अभिनय के लिए जाना जाता है। लेकिन अब वो इस दुनिया में नहीं पर उनके अभिनय की वो जादू आज भी मौजूद है, जिसके लाखों लोग दीवाने हैं।

नई दिल्ली: बॉलीवुड के दिवंगत अभिनेता इरफान खान (Irrfan Khan) को अपने बेबाक अंदाज और शानदार अभिनय के लिए जाना जाता है। लेकिन अब वो इस दुनिया में नहीं पर उनके अभिनय की वो जादू आज भी मौजूद है, जिसके लाखों लोग दीवाने हैं। इरफान खान का निधन 29 अप्रैल साल 2020 में न्यूरोएंडोक्राइम ट्यूमर से लंबी लड़ाई के बाद हो गया। उन्होनों 54 साल की उम्र में बॉलीवुड से लेकर हॉलीवुड तक का सफर तय कर दुनिया को अलविदा कह दिया।

पठान परिवार के जन्में थे ईरफान

आज उन्हें इस धरती को अलवीदा कहे हुए एक साल पूरे हो गए है। इस मोको पर उनके फैंस छोटी छोटी विडीयो क्लिप बना कर शेयर कर रहे हैं। आपको बता दें, पठान परिवार में जन्म लेने के बाद भी इरफान खान शुद्ध शाकाहारी थे। इरफान खान का पूरा नाम साहबजादे इरफान अली खान है। इरफान खान के पिता का नाम जागीरदार खान था, जो टायर का व्यापार करते थे। पठान परिवार से होने के बावजूद इरफान खान ने कभी मीट या मांस नहीं खाया, वह शुद्ध शाकाहारी थे, जिसके चलते उनके पिता अक्सर उनका मजाक उड़ाते हुए कहते थे कि ‘ये तो पठान परिवार में ब्राह्मण पैदा हो गया।’

Irrfan khan को हुआ था ड्रामा स्कूल में प्यार

बता दें कि इरफ़ान खान ने साल 1995 में सुतापा सिकदर से शादी रचाई थी। कहा जाता है कि इरफान की मुलाकात अपनी पत्नी से ड्रामा स्कूल में हुई थी। सुतापा भी इरफान की तरह इस ड्रामा स्कूल की छात्रा थी और यहां से शुरू हुई इनकी ये दोस्ती प्यार में बदल गई थी। बताया जाता है कि सुतापा के परिवार वाले इरफान खान से उनकी शादी के सख्त खिलाफ थे। बाद में उन दोनो के सच्छे प्यार को देक परिवार वाले राजी हो गए। बाबिल और उनकी मां सुतापा सिकदर ने एक एंटरटेनमेंट पोर्टल को दिए इंटरव्यू में इरफान खान के अंतिम वक्त की भावुक कर देने वाली बात बताई।

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सुतापा ने बताया- ‘हम पॉजिटिव रहने की कोशिश कर रहे हैं। एक साल हो जाएगा, मैं अभी भी लोगों से मिलने, उनसे बात करने के लिए तैयार नहीं हूं. मैं लोगों के साथ पर्सनल इंटरैक्शन से ज्यादा लिखने में अच्छी हूं’। बाब‍िल ने अपने पिता को खोने का गम साझा करते हुए कहा- ‘मैं एक सुरक्ष‍ित घेरे में जी रहा था, इरफान खान का बेटा बनकर। और फिर अचानक वो घेरा टूट गया, उसके बाद आपके पास कोई विकल्प नहीं बचता। आपको वो करना पड़ता है जो जिंदगी चाहती है। और यही सच है’।

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