शेयर में 13% उछाल के चलते जेट एयरवेज फिर उड़ान भरने को तैयार?

‘हालत खस्ता, उड़ाने बंद और 20 हज़ार नौकरिया खतरे में’… जी हाँ, कुछ ऐसे ही शब्दों की मदद से आजकल जेट एयरवेज का परिचय कराया जाता है. जेट एयरवेज को लगातार रीवाइव करने की कोशिशे जारी है.

मंगलवार को अचानक से जेट एयरवेज के शेयर्स में 13% के उछाल ने सभी को चौंका के रख दिया है. बता दे कि पिछले तीन कारोबारी सत्रों में जेट एयरवेज के शेयरों में 45% तक की भयंकर गिरावट हो चुकी थी फिर अचानक मंगलवार को ऐसा क्या हुआ कि ये गिरावट थमी और सीधे 13% का उछाल देखने को मिला.

असल में जेट को उबारने की सरकारी कोशिशों के कामयाब होने और इसके बाद शेयरों में बढ़त के बाद ऊंचे रिटर्न मिलने की उम्मीद में बहुत से छोटे निवेशकों ने जेट के शेयरों की खरीदारी की. ऐसी खरीदारी कुछ खबरों या अफवाहों के प्रसारित होने के बाद ही होती है. इसलिए इसे सटोरिया प्रकृति का माना जा रहा है.

इसके पहले बैंकों से इमरजेंसी फंड न मिल पाने की वजह से जेट को अपना कामकाज अस्थायी रूप से बंद करना पड़ा था. नेशनल स्टॉक एक्सचेंज यानी एनएसई में इंट्रा डे कारोबार के दौरान जेट एयरवेज के शेयर 13.08 फीसदी तक उछलकर 174.95 रुपये पर पहुंच गए. जानकारों का कहना है कि यह खरीदारी किसी बुनियादी आधार पर नहीं है, बल्कि सट्टेबाजी वाली प्रकृति की है. इसी तरह बॉम्बे स्टॉक एक्सचेंज यानी बीएसई पर भी जेट एयरवेज के शेयर 11.57 फीसदी चढ़कर 172.50 रुपये तक पहुंच गए.

बीएसई पर वॉल्यूम के हिसाब से भी शेयरों का कारोबार अच्छा रहा और 31.03 लाख शेयरों की ट्रेडिंग की गई. हालांकि विदेशी पोर्टफोलियो निवेशकों और फंड हाउस ने जेट एयरवेज में अपना निवेश घटा लिया है. इनकी जेट में 31 मार्च, 2019 तक हिस्सेदारी 3.58 फीसदी और 1.47 फीसदी रह गई है, जबकि इसके एक साल पहले इनकी हिस्सेदारी क्रमश: 9.56 फीसदी और 4.96 फीसदी थी. दूसरी तरफ, छोटे निवेशकों ने 31 मार्च, 2018 के 4.9 फीसदी के मुकाबले अब अपनी हिस्सेदारी बढ़ाकर 11.42 फीसदी कर ली है.

8 हजार करोड़ से ज्‍यादा का कर्ज

गौरतलब है कि जेट एयरवेज के ऊपर 8,500 करोड़ रुपये का कर्ज है. कंपनी को चलाए रखने के लिए 400 करोड़ रुपये के आपात फंड की जरूरत थी, लेकिन एसबीआई ने इसे देने से इंकार कर दिया. जेट एयरवेज की उड़ान सेवाएं अस्‍थायी तौर रोक दी गई हैं. जेट एयरवेज संकट की वजह से करीब 23 हजार कर्मचारी प्रभावित हैं. इन कर्मचारियों को कई महीनों से सैलरी नहीं मिली है. हालांकि स्पाइसजेट ने जेट एयरवेज के 500 से अधिक कर्मचारियों को नियुक्त किया है. कंपनी की ओर से दी गई जानकारी के मुताबिक इसमें 100 पायलट शामिल हैं. कंपनी ने कहा कि वह ऐसे और कर्मचारियों को नियुक्त कर सकती है.

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