Lucknow Terrorists Update: कोर्ट का आदेश गिरफ्तार आतंकवादी कल से 14 दिनों तक रहेंगे ATS कस्टडी रिमांड पर, सीरियल अटैक का था प्लान

उत्तर प्रदेश के लखनऊ में काकोरी इलाके से 2 संदिग्ध आतंकवादियों के गिरफ्तार होने के बाद अब सुरक्षा एजेंसियां प्रदेश के अन्य सूबों में आतंकी कनेक्शन की जड़ें खंगालने में जुट गई हैं।

लखनऊ: उत्तर प्रदेश के लखनऊ में काकोरी इलाके से 2 संदिग्ध आतंकवादियों के गिरफ्तार होने के बाद अब सुरक्षा एजेंसियां प्रदेश के अन्य सूबों में आतंकी कनेक्शन की जड़ें खंगालने में जुट गई हैं। आपको बता दें, दुबग्गा बेगरिया स्थित आतंकी मिहनाज और उसका दाहिना हाथ शाहिद ATS की छापेमारी से पहले शहर छोड़कर भागने की फिराक में थे।  गिरफ्तार आतंकियों मिनहाज और शाहिद के अलकायदा के टेरर आउटफिट अंसार गजावत-उल-हिंद से जुड़े होने की सूचना के बाद अब प्रदेश के कई अन्य जिलों में भी आतंकियों के नेटवर्क होने की आशंका जताई जाने लगी है। गिरफ्तार आतंकियों के पास से यूपी के कई शहरों के नक्शे मिलने के बाद एजेंसियों का शक गहराने लगा है।

14 दिनों तक दोनों संदिग्ध आतंकवादि रहेंगे ATS  के कस्टडी में

इस आशंका को देखते हुए संदिग्धों की तलाश में यूपी के कई शहरों में छापेमारी की जा रही है। एटीएस समेत तमाम एजेंसियां लखनऊ शहर के अलावा राजधानी के आसपास के तमाम जिलों में भी सुरागों को तलाश में लगी हुई है। रिपोटर्स के मुताबिक कुछ अन्य जिलों में भी इस संगठन के तार जुड़े होने का पता चला है। वहीं लखनऊ में पकड़े गए अलकायदा समर्थित अंजार गजवा तुल हिंद से जुड़े दोनों आतंकी मिनहाज अहमद और मसरूद्दीन की आज कोर्ट में पेशी के बाद 14 दिनों तक गिरफ्तार आतंकी मिन्हाज और मुशीर कल से ATS  का कस्टडी में रहेंगे।

आयोध्या के अलावा इन इलाको पर साजिश

पूछ-ताछ के दौरान आतंकियों के पास से अयोध्या के राम मंदिर के आस-पास के नक्शे बरामद हुए हैं। इसे अनुमान लगाया जा रहा है की धार्मिक स्थलों पर बम-विशपोट की साजिश की जा रही थी। सबूतों के मिलने के बाद आशंका है की अयोध्या समेत यूपी कई बड़ें शहर आतंकवादियों के निशानें पर थे। आपको बता दें, रिर्चस के दौरान इस बात का भी खुलासा हुआ कि आतंकी मानव बम बनकर हमला करने की फिराक में थे। इसके अलावा ये बात भी सामने आई है कि पश्चिम यूपी के संभल जिले के कुछ लोग ही पाकिस्तान से इस संगठन की गतिविधियों को संचालित करा रहे थे। 2 साल पहले संभल के रहने वाले एक शख्स को, जो कि अलकायता इंडियन सब कॉन्टिनेंट का कमांडर था उसे यूएस आर्मी और अफगानिस्तान की मिलिट्री फोर्स के ऑपरेशन में मार गिराया गया था।

आखिर कौन कर रहा था टेरर फंडिग

एजेंसियां इस बात का पता लगाने में जुटी है की आखिर इनका फंडिग कौन कर रहा था। इन आतंकियों का प्लान क्या था। तमाम साजिश में कौन कौन लोग जुड़े हुए थे। इसके अलावा इस बात की भी जांच कराई जा रही है कि दो साल से इस ठिकाने पर रहने के दौरान यहां पर कौन आता जाता था और यहां पर किस तरह का कामकाज संचालित किया जा रहा था।

यह भी पढ़ें:  ATS ने लखनऊ से दो आतंकवादियों को किया गिरफ्तार, भारी मात्रा में बरामद हुए बम और हथियार

यह भी पढ़ें: यूपी चुनाव 2022 से पहले सपा का वादा- मुफ्त बिजली, युवाओं को 10 लाख नौकरी

Related Articles