लखनऊ : नारी बंदी निकेतन में महिला कैदियों ने मनाया करवाचौथ

04 नवंबर को पति की लंबी उम्र के लिए आज बुधवार को दिनभर निर्जला व्रत रखकर देर शाम चांद देखने के बाद व्रत सुहागन को पूरा किया हैं।

लखनऊ: देश भर में हिंदू पंचांग के अनुसार कार्तिक माह के कृष्ण पक्ष की चतुर्थी तिथि पर करवा चौथ का पर्व मनाया जाता है। यह त्योहार 04 नवंबर को पति की लंबी उम्र के लिए आज बुधवार को दिनभर निर्जला व्रत रखकर देर शाम चांद देखने के बाद व्रत सुहागन को पूरा किया हैं। हाथो में मेंहदी लगाने के साथ ही श्रृंगार व पूजन का सामान लेकर महिलाओं ने चांद निकलते ही पूजा की। वही यूपी की राजधानी लखनऊ के गोसाईंगंज स्थित नारी बंदी निकेतन में बुधवार को महिला कैदियों के साथ करवाचौथ पर्व मनाया गया। लंबी अवधि की सज़ा के लिए महिला बंदियों को रखने के लिए उत्तर प्रदेश में एक मात्र जेल है।

नारी बंदी निकेतन में कुल 232 महिला बंदी, जिसमे 200 महिला बंदी आजीवन कारावास से हैं दंडित, शेष 32 बंदी दस वर्ष की सज़ा काट रहीं हैं। 232 सिद्ध दोष महिला बंदी में 228 महिला बंदी हैं विवाहित। नारी बंदी निकेतन लखनऊ की जेल अधीक्षक नयनतारा बनर्जी के पर्यवेक्षण और निगरानी में महिला बंदियों ने मनाया करवा चौथ का पर्व। महिला बंदियों ने साज सृंगार कर विधि पूर्वक सुहागिनों का त्योहार मनाया।

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लखनऊ में गंगा जमुनी तहजीब

करवा चौथ के दिन राजधानी लखनऊ में गंगा जमुनी तहजीब की मिसाल देखने को मिली, हिन्दू धर्म के साथ मुस्लिम समुदाय की महिला ने भी मनाया करवा चौथ का त्यौहार। अपने पति की दीर्घायु के लिए रखा करवा चौथ का व्रत। देश में सभी धर्म को साथ मिलकर एकता से रहने की दी मिसाल।

लखनऊ

 

अंजुम रईस खान और उनकी पत्नी गुलनाज अंजुम खान

जानकारी के अनुसार लखनऊ के मलिहाबाद निवासी अंजुम रईस खान और उनकी पत्नी गुलनाज अंजुम खान इन दोनों का मजहब इस्लाम है लेकिन इन लोगों ने करवा चौथ का त्यौहार मना कर इस बात को सच किया है कि मजहब नहीं सिखाता आपस में बैर रखना। अंजुम रईस खान का कहना है कि इनकी पत्नी काफी समय से करवा चौथ का व्रत रखने के लिए कह रही थी इस बार उनकी पत्नी ने हिंदू रीति रिवाज के हिसाब से व्रत रखा और फिर छत पर खड़े होकर चांद को देखते हुए व्रत खोला भी|

 

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