मोदी सरकार पर लगा घोटाले का आरोप, 77000 करोड़ का मामला आया सामने!

मोदी सरकारनई दिल्‍ली। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की सरकार पर एक बड़ा आरोप लगा है। दरअसल एक जाने माने अर्थशास्‍त्री प्रसेनजीत बोस ने दावा किया है कि पीएम मोदी के राज में 77 हजार करोड़ रुपए का घोटाला हुआ है। प्रसेनजीत बोस के मुताबिक, अप्रैल 2014 से मार्च 2018 के बीच मोदी सरकार के कार्यकाल में 77 हजार करोड़ रुपये का बैंक लोन घोटाला हो चुका है।

बोस ने देश की चरमराती बैंकिंग व्यवस्था को लेकर चौंकाने वाला खुलासा किया है। उन्होंने सूचना का अधिकार कानून के तहत मिली जानकारी के आधार पर यह दावा किया है। बोस के मुताबिक, हजारों करोड़ के लोन फ्रॉड के बावजूद सरकार सुस्त पड़ी है। वेबसाइट रेडिफ को दिए इंटरव्यू में बोस ने कहा कि वर्ष 2008-09 में 1,542 करोड़ मूल्यु के बैंकिंग धोखाधड़ी के मामले सामने आए थे।

बोस के मुताबिक, साल 2017-18 में यह आंकड़ा बढ़कर 22,469 करोड़ रुपये से ज्यादा तक पहुंच गया। उन्होंने बताया कि साल 2016 में आरबीआई के नए दिशा-निर्देश के बाद से अब तक 20 हजार करोड़ रुपये का लोन फर्जीवाड़ा हो चुका है।

बोस ने दावा किया है कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के कार्यकाल में लोन घोटाले की स्थिति और भी ज्‍यादा बिगड़ी है। प्रसेनजीत बोस की मानें तो मोदी के शासनकाल में हजारों करोड़ रुपये का लोन घोटला हो चुका है। हालांकि उन्होंने स्पष्ट किया कि आरबीआई द्वारा मुहैया कराए गए आंकड़ों में इस बात का उल्लेख नहीं है कि ये लोन कब दिए गए थे?

बोस ने बताया कि लोन घोटाले को अंजाम देने वालों के खिलाफ कार्रवाई को लेकर उन्हें आरबीआई के जवाब का इंतजार है। बकौल बोस लोन फर्जीवाड़े के मामले में कितने लोगों की गिरफ्तारी हुई या कितने आरोपियों के खिलाफ मुकदमा चलाया गया, इस बात की अभी तक जानकारी नहीं मिल सकी है।

Related Articles