उच्च शिक्षा के लिए मोदी सरकार ने बढ़ाया कदम, दी 124 करोड़ रुपये के प्रस्तावों को स्वीकृति

रायपुर। केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय ने छत्तीसगढ़ राज्य में उच्च शिक्षा को बढ़ावा देने के लिए 124 करोड़ रुपये के प्रस्तावों को अपनी स्वीकृति दे दी है। यह राशि राष्ट्रीय उच्चतर शिक्षा अभियान (रूसा) के तहत राज्य के उच्च शिक्षा संस्थानों के विकास पर खर्च किए जाएंगे। यह जानकारी छत्तीसगढ़ शासन के उच्च शिक्षा और तकनीकी शिक्षा मंत्री प्रेमप्रकाश पांडेय ने दी।

मंत्री ने कहा कि केंद्रीय मानव संसाधन विकास मंत्रालय की परियोजना अनुमोदन बोर्ड (प्रोजेक्ट एप्रुवल बोर्ड) की 12वीं बैठक शनिवार को बैठक हुई। बैठक में छत्तीसगढ़ के लिए 7 नए मॉडल कॉलेज सहित 5 कॉलेजों में अधोसंरचना विकास और कॉलेजों की गुणवत्ता और उत्कृष्टता बढ़ाने और 5 कॉलेज भवनों के निर्माण के लिए कुल 124 करोड़ रुपये के प्रस्तावों का अनुमोदन किया गया।

पांडेय ने कहा कि जिन सात मॉडल कॉलेजों के लिए राशि मंजूर की गई है, उनमें बीजापुर, नारायणपुर, सुकमा, कोंडागांव, दंतेवाड़ा, कोरबा और महासमुंद शामिल हैं। प्रत्येक मॉडल कॉलेज निर्माण के लिए 12 करोड़ रुपये के मान से कुल 84 करोड़ रुपये मंजूर किए गए हैं।

उन्होंने कहा कि दुर्ग के शासकीय विज्ञान महाविद्यालय और शासकीय वी.वाई. तामस्कर पीजी कॉलेज की गुणवत्ता सुधार और उत्कृष्टता सुधार के लिए 5 करोड़ रुपये की राशि मंजूर की गई है। इसके अलावा प्रदेश के पांच कालेजों में अधोसंरचना विकास के लिए 10 करोड़ रुपये की राशि स्वीकृत की गई है। प्रत्येक कॉलेज में 2 करोड़ रुपये खर्च किए जाएंगे।

उन्होंने बताया कि इस राशि से होलीक्रॉस महिला कॉलेज अम्बिकापुर, डीपी विप्र कॉलेज बिलासपुर, शासकीय माता शबरी नवीन पीजी कन्या महाविद्यालय बिलासपुर, शासकीय निरंजन केशरवानी कॉलेज कोटा और डीएसआरएमवी पीजी संस्कृत कॉलेज रायपुर में विभिन्न अधोसंरचनाओं का निर्माण और विकास किया जाएगा।

Related Articles