जनसंख्या दिवस: जापान में बच्चे के जन्म पर परिवार को मिलते हैं 1.85 लाख रुपये

टोक्यो: दुनियाभर में आज (11 जुलाई) विश्व जनसंख्या दिवस के मौके भले ही लोगों को जनसंख्या नियंत्रण के बारे में जागरुक और आने वाले संकट पर मंथन किया जा रहा है। लेकिन जापान एक ऐसा देश है, जहां सरकार बच्चे के जन्म पर परिवार को 1.85 लाख रुपये प्रोत्साहन राशि देती है। जी हां… आपको यह जानकर थोड़ी हैरानी होगी लेकिन यह सच है।

दरअसल, जापान घटती जनसंख्या और कम होती युवा दर की समस्या झेल रहा है। साथ ही यहां लड़के के मुकाबले लड़कियों की संख्या भी काफी कम हो गई है। जिससे देश में जनसंख्या तेजी से घट रही है। 2009 में जापान की जनसंख्या करीब 12 करोड़ 85 लाख थी। जोकि वर्तमान में 9 साल के अंतराल के बावजूद घटकर 12 करोड़ 71 लाख रह गई है।

अगले 10 साल में कम हो सकती है 1/3 जनसंख्या

साल 2016 में यहां करीब नौ लाख बच्चों ने जन्म लिया, लेकिन मौतें इससे तीन लाख ज्यादा हुईं। अनुमान है कि अगले 10 साल में देश की जनसंख्या एक तिहाई कम हो जाएगी। ऐसे में सरकार जन्मदर बढ़ाने के लिए तमाम कोशिशें कर रही है। यहां बच्चों के जन्म पर सरकार परिवार को 1।85 लाख रुपए की प्रोत्साहन राशि देती है।

जनसंख्या बढाने के लिए सकार देती है प्रोत्साहन राशि

घटनी जनसंख्या की समस्या को लेकर जापान सरकार काफी चिंतित है और इसे ध्यान में रखते हुए अपने बजट में 2 से 3 फीसदी का इजाफा कर लोगों को प्रोत्साहन राशि देने का निर्णय लिया है। इसके लिए इस बार दो लाख करोड़ येन (करीब 1 लाख 23 हजार करोड़ रुपए) का बजट रखा गया। जापान में अभी प्रति महिला बच्चे पैदा करने की दर 1.44 है। सरकार इसे बढ़ाकर 1.8 करना चाहती है।

सरकार बच्चों की देखभाल के लिए करती है सहायता

जापान में बच्चे की देखभाल का हर दिन का खर्च करीब 1000 रुपए है। जिसके लिए सरकार सब्सिडी देती है। बच्चों से संबंधित अधिकतर चीजों पर सरकार रियायत देती है। बच्चा सेकंडरी स्कूल में पहुंचता है तो बस-वैन के खर्च के तौर पर सालाना 61 हजार रुपए मिलते हैं। यही नहीं बच्चों की सेहत और इलाज पर होने वाले सालाना खर्च का 30% सरकार वहन करती है।

ये है गिरती जनसंख्या की वजह

  • जापान में युवाओं को अपने भविष्य और करियर की चिंता अधिक रहती है। इसीलिए यहां बगैर शादी के अकेले रहने का चलन बढ़ गया है। 2015 की जनसंख्या के मुताबिक यहां 34.6% मकान मालिक अकेले हैं।
  • जापानी महिलाओं में भी करियर को लेकर काफी चिंता रहती है। साथ ही पुरुषों के मुकाबलों महिलाओं के पास नौकरी के ज्यादा मौके हैं। जापान में महिलाओं को लगता है कि शादी के बाद परिवार की जिम्मेदारी आ जाएगा, इसलिए वह अकेले रहना पसंद करती हैं।
  • आर्थिक रुप से मजबूती के लिए जापान में शादीशुदा कपल भी लंबे समय तक बच्चे पैदा नहीं करते हैं। देश में 56% परिवार ऐसे हैं जहां पति-पत्नी के अलावा उनके एक या दो बच्चे हैं।
  • यहां 65 साल से ज्यादा उम्र वालों की आबादी 27% है। ऐसे में मृत्युदर लगातार बढ़ रही है। जापान में बुजुर्गों में खुदकुशी के मामले भी पिछले कुछ सालों में तेजी से बढ़े हैं।

Related Articles