सीबीआई ऑफिसर्स के ट्रांसफर पर तेजस्वी ने उठाया सवाल, गर्म हुई सियासत

मुजफ्फरपुर : बालिका आश्रय गृह के केस की जांच कर रही सीबीआई के एसपी ज़े पी़ मिश्रा के ट्रांसफर पर सत्ता पक्ष ने गुरुवार को विपक्ष को जवाब से हुए इस मामले पर राजनीति न करने की हिदायत दी है।

दरअसल विपक्ष के नेता तेजस्वी यादव ने मुजफ्फरपुर मामले की जांच कर रहे सीबीआई के एसपी मिश्रा के तबादले को लेकर सवाल उठाते हुए आरोप लगाया था कि एसपी का तबादला बालिका आश्रयगृह के असली अभियुक्तों को बचाने की साजिश के तहत किया गया है।

तेजस्वी यादव ने ट्वीट कर कहा है कि, “सीबीआई के एसपी का तबादला इसलिए करा दिया गया क्योंकि मुख्य आरोपी ब्रजेश ठाकुर की डायरी में ‘पटना सर’ नाम के एक व्यक्ति तक उनके जांच की आंच पहुंच गई थी। ये ‘पटना सर’ कौन हैं?”

इस ट्वीट के जवाब में जद (यू) ने राजद को सभी मामलों में राजनीति नहीं करने की हिदायत दी।

जद (यू) के प्रवक्ता और विधान पार्षद नीरज कुमार ने ट्वीट किया है कि, “हर चीज में राजनीति! मुजफ्फरपुर आश्रय मामले में सीबीआई के एसपी के तबादले पर सवाल उठाया जा रहा, लेकिन चारा घोटाले की जांच कर रहे एएसपी अजय कुमार झा के तबादले पर क्यों नही? जबकि अभी भी चारा घोटाले के दो मामले की जांच प्रक्रिया में है।”

उन्होंने सवालिया लहजे में कहा कि आखिर रांची से एएसपी झा का भी तो ट्रांसफर हुआ। इस मामले में लालू प्रसाद भी आरोपी है। इस ट्रांसफर पर आपका या राजद का क्या इरादा है?

नीरज ने कहा कि यही वे झा हैं, जिनके द्वारा इस मामले की गहन जांच ने आपके पिता जी को किए गए भ्रष्टाचार के कयरें में सजा दिलवाई।

एक और ट्वीट करते हुए उन्होंने लिखा, “कोई लाख करे चतुराई कर्म का लेख मिटे ना भाई। किसी का भी तबादला करवा ले, लेकिन आपके पिता लालू प्रसाद के कर्मो का फल तो मिलना ही है। इस मामले में तेजस्वी जी चुप क्यों हो गए। अजय झा के तबादले पर तो कुछ बोलिए। अब सांप सूंघ गया?”

गौरतलब है कि 21 अगस्त को सीबीआई ने नौ अधिकारियों का ट्रांसफर कर दिया गया था, जिसमें रांची सीबीआई के एएसपी अजय झा और पटना सीबीआई एसपी ज़े पी़ मिश्रा भी शामिल थे।

Related Articles