बुर्किना फासो में आतंकी हमला, 14 जवान शहीद, 9 आतंकवादी ढेर

बुर्किना फासो में आतंकवादी हमले में 14 सुरक्षाकर्मियों की मौत, जवाबी कार्रवाई में 9 आतंकी ढेर

औगाडौगु: पश्चिमी अफ्रीकी देश बुर्किना फासो के उत्तरी इलाके में हुए एक आतंकवादी हमले में 14 सुरक्षाकर्मियों की मौत हो गयी। फ्रांसीसी मीडिया ने दी यह जानकारी। सुरक्षाकर्मियों की जवाबी कार्रवाई में नौ आतंकवादी मारे गए हैं।

सुरक्षाकर्मियों पर घात लगाकर हमला

फ्रांस की समाचार एजेंसी एएफपी की रिपोर्ट के मुताबिक आतंकवादियों ने टिन-अकोफ विभाग के सुरक्षाकर्मियों पर घात लगाकर हमला किया जिसमें 13 सैनिकों और एक अन्य सुरक्षाकर्मी की मौत हो गयी। सुरक्षाकर्मियों की जवाबी कार्रवाई में नौ आतंकवादी मारे गए हैं।

आतंकवादी संगठन

गौरतलब है कि बुर्किना फासो का उत्तरी क्षेत्र 2016 से ही अलकायदा और इस्लामिक स्टेट जैसे आतंकवादी संगठनों की गतिविधियों के कारण बुरी तरह प्रभावित है।

लैंडलाक देश बुर्किना फासो  

बुर्किना फासो पश्चिम अफ्रीका का एक लैंडलाक देश है, जिसकी सीमाएं उत्तर में माली, पूर्व में नाइजर, उत्तर पूर्व में बेनिन, दक्षिण में टोगो और घाना और दक्षिण पश्चिम में ‘कोट द आईवोर’ से मिलती हैं। यह देश कई बार सैन्य तख्तापटल ( सैनिक कार्यवाही) का शिकार हो चुका है।

खतरनाक आतंकवादी संगठन

(ISIS) का पूरा नाम इस्लामिक स्टेट इन सीरिया एंड इराक यह आतंकी संगठन सीरिया, इराक, यूरोप, तुर्की और बांग्लादेश जैसे कई देशों में अपनी दहशत फैला चुके है। अंतरराष्ट्रीय स्तर पर ISIS को सबसे खतरनाक माना जाता है। वर्तमान में ISIS काफी सक्रिय और धनी आतंकी संगठन है। इसका मुख्य उद्देश्य दुनिया में ‘इस्लामीकरण’ को बढ़ावा देना और इस्लामीक कानून को लागू करना है।

अल कायदा की स्थापना

ओसामा बिन लादेन ने सन् 1989 में अल कायदा की स्थापना की थी। ओसामा बिन लादेन ने ही अमेरिका में 9/11 का हमला करवाया था। यह विश्व का पहला आतंकवादी संगठन है, जिसने दुनिया के उच्च शिक्षित पुरुषों और महिलाओं को आंतकवाद में लगाया।

आतंकवादी संगठन का दावा

आतंकवादी संगठन का दावा है कि शिक्षित लोगों पर कोई शक नहीं करता। अमेरिकी सेना का दावा है कि उन्होंने ओसामा बिन लादेन को 2011 में पाकिस्तान के एबटाबाद में मारकर इस संगठन का अंत कर दिया है।

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