Naxalite attack में जवान शहीद, घर में चल रही थी उसकी शादी की तैयारी

इस घटना में DRG ( District Reserve Group ) के पांच जवान शहीद हो गए थे।

नई दिल्ली: जिस जवान की हो रही थी शादी की तैयारियां अब उसके परिवार में मातम का माहौल छा गया है। छत्तीसगढ़ के नक्सल प्रभावित नारायणपुर जिले में मंगलवार को नक्सली हमले में शहीद जवान चालक देवकरन देहारी की एक महीने बाद शादी होने वाली थी।

नारायणपुर में जिला रिजर्व गार्ड के जवान वाहन चालक देवकरन देहारी की शादी अगले महीने की 21 तारीख को होने वाली थी लेकिन, इससे पहले ही देहारी और उनके चार साथियों की नक्सली घटना में मृत्यु हो गई। लोग उन्हें करन के नाम से बुलाते थे।

सुरंग में हुआ विस्फोट 

जिले के बारसूर-पल्ली मार्ग पर मरोड़ा गांव के करीब नक्सलियों ने बीते मंगलवार को बारूदी सुरंग में विस्फोट कर सुरक्षा बलों की बस को निशाना बनाया था। इस घटना में DRG ( District Reserve Group ) के पांच जवान शहीद हो गए थे और 13 अन्य जवान घायल हुए है। साल 2021 का सबसे बड़ी नक्सली घटना के बाद से शहीद जवानों के घरों में मातम पसरा हुआ है।

वहीं, देवकरन की मौत के बाद उनके परिवार के सदस्य भरोसा नहीं कर पा रहें हैं कि जिसके सिर पर वह सेहरा बांधने की तैयारी में थे उन्होंने अपने हाथ से उसका अंतिम संस्कार किया है। परिवार के मित्र डॉक्टर सत्येंद्र नाग बताते हैं कि करन पड़ोसी कांकेर जिले के पोड़गांव के निवासी थे। बीते रविवार को करन ने नारायणपुर जिला मुख्यालय स्थित एक दुकान से अपनी शादी का निमंत्रण पत्र लिया था।

Chhattisgarh: नक्सली हमले में जवान शहीद, एक महीने बाद होने वाली थी शादी - Devkaran dehri a martyr in naxal attack was to be married in one month - Latest News &

जवान कर रहा था अतिरिक्त ड्यूटी 

नाग बताते हैं कि रात में भोजन के बाद करन ने कहा था कि नक्सलियों के खिलाफ अभियान से वापस आने के बाद वह मित्रों और रिश्तेदारों को विवाह का निमंत्रण पत्र देना शुरू करेंगे। जिले में आयुर्वेद अधिकारी नाग कहते हैं कि नहीं पता था कि करन से यह अंतिम मुलाकात है और उनके साथ वह अंतिम बार भोजन कर रहे हैं।

उन्होंने कहा कि करन ने उन्हें यह भी बताया था कि इन दिनों वह अतिरिक्त ड्यूटी कर रहे हैं जिससे शादी के दौरान अधिक दिनों की छुट्टी मिल सकें। सत्येंद्र नाग ने बताया कि वह देवकरन के परिवार से लंबे समय से परिचित हैं। वर्ष 2010 में पुलिस में भर्ती होने से पहले करन इस शहर में वाहन चालक का काम करते थे।

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